शहर की शैना अग्रवाल ने संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) की सिविल सेवा परीक्षा में देशभर में प्रथम स्थान प्राप्त किया है। वह इन दिनों नेशनल एकेडमी ऑफ डायरेक्ट आइआरएस नागपुर में आइआरएस की ट्रेनिंग पर हैं। शैना ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, टीचर व दोस्तों को दिया है। गोबिंदपुरी मार्ग निवासी शैना अग्रवाल के पिता चंद्र कुमार अग्रवाल ने बताया कि उसकी बेटी ने ही फोन पर देशभर में प्रथम स्थान पर रहने के संबंध में सूचना दी। यह सूचना मिलने पर वह खुशी से उछल पडे़। उन्होंने बताया कि शैना अग्रवाल बचपन से ही पढ़ाई में अव्वल रही है।
इस कामयाबी का श्रेय वह शैना की मेहनत व उसके शिक्षकों को देते हैं। उन्होंने बताया कि शैना ने जब 12वीं पास की तो उसने कहा था कि वह आइएएस बनेगी। शैना ने 10वीं तक शहर के संत निश्चल सिंह पब्लिक स्कूल से पढ़ाई की। इसके बाद 12वीं की परीक्षा पंजाब के नाभा से पास की। 2004 में उसने ऑल इंडिया सीबीएसई मेडिकल प्रवेश परीक्षा में भी टॉप किया था। वर्ष 2008-09 में उसने एम्स दिल्ली से एमबीबीएस की डिग्री हासिल की। वर्ष 2009 में शैना ने आइएएस की परीक्षा दी। इस परीक्षा के परिणाम में उसका आइआरएस (इंडियन रेवेन्यू सर्विस) के लिए चयन हुआ। गत पांच माह से शैना नागपुर में आइआरएस अधिकारी के रूप में प्रशिक्षण प्राप्त कर रही है। अब शैना अग्रवाल ने यूपीएससी की आइएएस के 2011 बैच में टॉप किया है। शैना की मां पिंकी अग्रवाल का कहना है कि बेटियां किसी भी सूरत में लड़कों से कम नहीं। उसका छोटा बेटा शिविन अग्रवाल राजस्थान के पिलानी से बीटेक कर रहा है। शैना ने नागपुर से फोन पर बताया कि हमें मन लगाकर मेहनत करनी चाहिए। ऐसा करने वाले को सफलता निश्चित तौर पर मिलती है। उन्होंने इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, टीचर व दोस्तों को दिया है।
इस कामयाबी का श्रेय वह शैना की मेहनत व उसके शिक्षकों को देते हैं। उन्होंने बताया कि शैना ने जब 12वीं पास की तो उसने कहा था कि वह आइएएस बनेगी। शैना ने 10वीं तक शहर के संत निश्चल सिंह पब्लिक स्कूल से पढ़ाई की। इसके बाद 12वीं की परीक्षा पंजाब के नाभा से पास की। 2004 में उसने ऑल इंडिया सीबीएसई मेडिकल प्रवेश परीक्षा में भी टॉप किया था। वर्ष 2008-09 में उसने एम्स दिल्ली से एमबीबीएस की डिग्री हासिल की। वर्ष 2009 में शैना ने आइएएस की परीक्षा दी। इस परीक्षा के परिणाम में उसका आइआरएस (इंडियन रेवेन्यू सर्विस) के लिए चयन हुआ। गत पांच माह से शैना नागपुर में आइआरएस अधिकारी के रूप में प्रशिक्षण प्राप्त कर रही है। अब शैना अग्रवाल ने यूपीएससी की आइएएस के 2011 बैच में टॉप किया है। शैना की मां पिंकी अग्रवाल का कहना है कि बेटियां किसी भी सूरत में लड़कों से कम नहीं। उसका छोटा बेटा शिविन अग्रवाल राजस्थान के पिलानी से बीटेक कर रहा है। शैना ने नागपुर से फोन पर बताया कि हमें मन लगाकर मेहनत करनी चाहिए। ऐसा करने वाले को सफलता निश्चित तौर पर मिलती है। उन्होंने इस सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, टीचर व दोस्तों को दिया है।